जिरह पढ़ें, आप अपनी लिपि में (Read JIRAH in your own script)

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जिरह करने की कोई उम्र नहीं होती। पर यह सच है कि जिरह करने से पैदा हुई बातों की उम्र बेहद लंबी होती है। इसलिए इस ब्लॉग पर आपका स्वागत है। आइए,शुरू करें जिरह।
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Wednesday, May 6, 2009

संकोच में फंस गया हूं

नमिता जोशी मेरी अच्छी दोस्त हैं। उन्होंने मुझे एक मेल किया और जिद ठान ली कि इसे मैं पोस्ट के रूप में अपने ब्लॉग पर डालूं। संकोच के साथ मैं उनकी इस जिद भरी गुजारिश पूरी कर रहा हूं।

-अनुराग


आज आप सब लोग जिरह के सरताज अनुराग अन्वेषी जी को जन्मदिन की शुभकामनाये दे सकते हैं. आज ही के दिन इस कलाकार ने इस धरती पर कदम रखा था. शब्दों के जादूगर अनुराग को मेरी ओर से happy Birthday .. इसके साथ ही आज के दिन आप सब यह भी बताये की अनुराग जी के बारे में आप क्या सोचते हैं...
-namita

12 comments:

Neeraj Rohilla said...

इसी बहाने आपके जन्मदिन का पता चला, आपको हार्दिक बधाई।

Udan Tashtari said...

अनुराग भाई को जन्मदिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाऐं.

संगीता पुरी said...

अरे वाह .. जन्‍मदिन की बहुत बहुत बधाई एवं शुभकामनाएं।

बी एस पाबला said...

देर से ही सही, जनमदिन की ढ़ेरों शुभकामनायें।
दिख तो कल ही गया था रंजना जी का संदेश लेकिन कुछ भ्रम बना हुया था।

आपके ब्लॉग पर आना नहीं हो पाता लेकिन रंजना जी की कविता चुरा कर :-) आपने जो स्वर दिया वह बहुत पसंद आया था।

आपके जनमदिन को मैंने यहाँ जोड़ दिया है।

एक बार पुन: बधाई

मीत said...

बधाई हो अनुराग.

namita said...

main thoda late ho gayi sir.. Belated Happy b'day :)

सागर नाहर said...

मुझ आलसी तो अक्सर दो दिन के बाद ही मित्रों के जन्मदिन का पता चल पाता है, सो जब पता चलता है तभी बधाई दे पाते हैं।
जन्मदिन की हार्दिक बधाई और शुभकामनायें।

रंजना [रंजू भाटिया] said...

अनुराग जी को जन्मदिन की बधाई तो उसी दिन दे दी थी :) अब पार्टी का इन्तजार कर रहे हैं ..इस में कटाई संकोच न करें

lalit said...

:) late chahe kitna bhi ho, shubhkamnayein to de hi ja sakti hain. jyada se jyada logon k chehron pe muskaan bikherein. janmdin ki shubhkaamnayein

Ek ziddi dhun said...

ye kaun bataye kaise lagte hain ANURAG ANVESHI?

dahleez said...

देर से ही सही मेरी और से बधाई स्वीकार करें..

नदीम अख़्तर said...

शर्मिंदा हूं,
एक निंदा हूं
सात सुरों का
साजिंदा हूं
आपको देनी
थी बधाई
इस खातिर
ही
जिंदा हूं

विलंब से जन्मदिन की बधाई देने के माफी का तलबगार हूं।